सुप्रीम कोर्ट के आदेश के एक सेक्शन से बिगड़ गया कुमारस्वामी का खेल

Published : Jul 13, 2019, 12:03 PM ISTUpdated : Jul 13, 2019, 12:05 PM IST
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के एक सेक्शन से बिगड़ गया कुमारस्वामी का खेल

सार

असल में कांग्रेस और जेडीएस अपनी रणनीति के तहत चल रही थी। लिहाजा इसलिए विधानसभा अध्यक्ष ने दोनों ही दलों के बागी विधायकों के इस्तीफों को मंजूर नहीं किया। क्योंकि सबको मालूम था कि शुक्रवार से मानसून सत्र शुरू होने वाला है। ऐसे में कांग्रेस ने व्हिप जारी कर अपने विधायकों पर दबाव बनाने का पूरा प्रयास किया।

कर्नाटक में कांग्रेस और जेडीएस गठबंधन सरकार पर छाया सियासी संकट फिलहाल मंगलवार तक टल गया है। लेकिन अगर सुप्रीम कोर्ट शुक्रवार की सुनवाई में एक सेक्शन न लगाता तो कुमारस्वामी विधानसभा में अपना बहुमत साबित करने में सफल हो जाते। क्योंकि विधानसभा अध्यक्ष द्वारा इस्तीफों को नामंजूर करना और फिर मानसून सत्र के लिए व्हिप जारी करना, कांग्रेस और जेडीएस की रणनीति का हिस्सा था। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने व्हिप के बावजूद विधायकों को अयोग्य न ठहराने का आदेश देकर कुमारस्वामी की सभी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।


असल में कांग्रेस और जेडीएस अपनी रणनीति के तहत चल रही थी। लिहाजा इसलिए विधानसभा अध्यक्ष ने दोनों ही दलों के बागी विधायकों के इस्तीफों को मंजूर नहीं किया। क्योंकि सबको मालूम था कि शुक्रवार से मानसून सत्र शुरू होने वाला है। ऐसे में कांग्रेस ने व्हिप जारी कर अपने विधायकों पर दबाव बनाने का पूरा प्रयास किया।

जबकि विधायक अपने इस्तीफे को लेकर सुप्रीम कोर्ट जा चुके थे। सुप्रीम कोर्ट ने विधानसभा अध्यक्ष को इस्तीफे मंजूर करने के आदेश दिया तो वह भी सुप्रीम कोर्ट चले गए। इसकी पूरी कवायद ये थी कि सत्र में सभी विधायक मौजूद हो जाएं और दबाव बनाकर कुमारस्वामी अपनी सरकार बचा ले जाएं।

लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने विधायकों को अयोग्य न ठहराने का आदेश देकर कुमारस्वामी सरकार की सभी उम्मीदों पर पानी फेर दिया। लिहाजा अब कुमारस्वामी सरकार मंगलवार के बाद ही बहुमत साबित करने का फैसला करेगी। हालांकि विधानसभा अध्यक्ष ने ये भी कहा था कि वह एक दिन पहले ही नोटिस देंगे तो प्रस्ताव पेश किया जा सकता है।

हालांकि कुमारस्वामी सदन में बहुमत साबित करने की बात कह चुके हैं। क्योंकि उन्हें लगता है कि चार दिन में विधायकों का रूख मोड़ा जा सकता है। अभी तक हालांकि बागी विधायक अपने इस्तीफे पर अडिग हैं। लेकिन कुमारस्वामी सरकार अपने प्रबंधकों के जरिए उनसे संपर्क करने का प्रयास कर रही है। ताकि सरकार को बचाया जा सके। फिलहाल सभी 15 बागी विधायक बेंगलुरू के एक रिसार्ट में ठहरे हुए हैं। वहीं कांग्रेस और जेडीएस भी अपने विधायकों को रिसार्ट में ठहराए हुए है। ताकि और ज्यादा विधायक बगावत न कर सके।

PREV

MyNation Hindi पर पाएं आज की ताजा खबरें (Aaj Ki Taza Khabar)। यहां आपको राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय, ब्रेकिंग न्यूज़ और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण घटनाओं की तुरंत और भरोसेमंद जानकारी मिलती है। राजनीति, अर्थव्यवस्था, खेल, मनोरंजन और टेक सहित हर बड़ी खबर पर रहें अपडेट—तेज, सटीक और आसान भाषा में।

Recommended Stories

Surat Google Workspace Training: सार्वजानिक विश्वविद्यालय में 9 दिन का FDP, शिक्षकों-कर्मचारियों को मिला डिजिटल प्रशिक्षण
Corporate Connections BHAF 2026: सूरत में जुटेंगे देशभर के बिज़नेस लीडर्स, 13-14 मार्च को होगा बड़ा फोरम