Samajwadi Party  

(Search results - 88)
  • <p>डिंपल और अखिलेश की पहली मुलाकात एक दोस्त के जरिए लखनऊ में हुयी थी। तब डिंपल लखनऊ यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन कर रही थीं। धीरे-धीरे उनकी यह मुलाकातें प्यार में बदल गई। चार साल डेट करने के बाद 1999 में घर वालों की इजाजत के बाद दोनों की शादी हुई।<br />
 </p>

    News9, Jul 2020, 12:50 PM

    पत्नी है सपा की सक्रिय सदस्य और विकास दुबे की गिरफ्तारी पर अखिलेश उठा रहे हैं सवाल

     प्रदेश के उज्जैन के महाकाल के मंदिर से गिरफ्तार कर लिया गया है। लेकिन विकास दूबे की गिरफ्तार के साथ ही राज्य के सियासी दलों ने सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। राज्य में पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने विकास दूबे की गिरफ्तारी पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार इस बारे सच्चाई बतानी चाहिए कि ये आत्मसमर्पण है या गिरफ्तारी। 

  • <p>शिवपाल सिंह यादव समाजवादी पार्टी से इटावा के जसवंतनगर से विधायक हैं। जसवंतनगर से मुलायम सिंह यादव विधायक हुआ करते थे, उनके लोकसभा सदस्य बनने के बाद से शिवपाल सिंह यादव 1996 से वहां से लगातार विधानसभा सदस्य हैं।<br />
 </p>

    News29, May 2020, 1:40 PM

    क्या अखिलेश ने लिख दी है शिवपाल की सपा में वापसी की स्क्रिप्ट!

    असल में सपा ने 4 सितंबर, 2019 को पार्टी विधायक शिवपाल सिंह यादव की सदस्यता की अयोग्यता के लिए उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष को पत्र लिखा था और इसके बाद 23 मार्च को सपा ने अध्यक्ष को एक और पत्र लिखकर अपने याचिका को वापस लेने  की बात कही थी। लिहाजा अब सपा के अनुरोध पर इसे वापस ले लिया गया है।

  • समाजवादी पार्टी के मुखिया व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने यूपी की योगी सरकार पर तंज कसा है। अखिलेश ने कहा कि सपा कार्यकर्ता अगर इस संकट काल में लोगों की मदद कर रहे हैं तो उन पर मुकदमे दर्ज करवाए जा रहे हैं।

    News23, Apr 2020, 7:06 PM

    अखिलेश यादव को याद आए आजम खान, योगी से लगा रहे हैं गुहार

    असल में आजम खान पर रामपुर में 80 से ज्यादा दर्ज मुकदमे हैं।  आजम खान पर सरकारी जमीन को कब्जाने से लेकर जौहर विश्वविद्यालय के लिए किसानों की जमीन को हड़पने का आरोप है। पिछले दिनों ही  जौहर विश्वविद्यालय के कब्जे से जमीन को जिला प्रशासन ने किसानों को लौटाया है। वहीं आजम खान के बेटे अब्दुल्ला आजम खान की विधायकी फर्जी सर्टिफिकेट के कारण जा चुकी है।
     

  • News25, Mar 2020, 6:51 PM

    फिर एकजुट हो सकता है मुलायम परिवार, शिवपाल फिर हो सकते हैं सपाई

    हालांकि होली में एक नजरा देखा गया था जिसमें मुलायम का परिवार दो साल के बाद एक जुट दिखा था। हालांकि कार्यकर्ताओं द्वारा अखिलेश शिवपाल जिंदाबाद के नारे को लेकर अखिलेश यादव नाराज हो गए थे। होली के बाद मुलायम सिंह के पैतृक गांव सैफई में अखिलेश व शिवपाल दोनों एक ही मंच पर दिखे थे।

  • News15, Mar 2020, 10:57 AM

    भाजपा को 22 से घेरेगी सपा, फिलहाल शिवपाल पर नहीं हुआ फैसला

    सपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक आगामी चुनाव के लिए रणनीति तैयार की गई है। जिसके तहत पार्टी जिला स्तर पर ब्लाक स्तर पर भाजपा सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करेगी।  पार्टी के मुख्य प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी ने कहा राज्य सरकार ने झूठे वादे करके लोगों को धोखा दिया है। सपा ने  फैसला किया है कि पार्टी के नेता और कार्यकर्ता 22 तारीख को विरोध प्रदर्शन करेंगे।

  • News11, Mar 2020, 6:54 AM

    होली पर एकजुट दिखा मुलायम परिवार,क्या साथ आएंगे चाचा-भतीजा

    करीब दो साल बाद सैफई में मुलायम सिंह के घर पर की होली के मौके पर मुलायम परिवार में दूरियां कम होती दिखी। मुलायम से नाराज चल रहे शिवपाल सिंह यादव भी होली के कार्यक्रम में पहुंचे और मुलायम सिंह के पैर छूकर आर्शीवाद दिया। शिवपाल सिंह यादव अपने धुरविरोधी कहे जाने वाले राम गोपाल यादव के भी पैर छूए। वहीं सपा अध्यक्ष भी अपने चाचा शिवपाल सिंह के पैर छूए औऱ शिवपाल ने मंच साझा कर सियासी खेमे में हलचल मचा दी। 

  • साल 2017 में सपा ने उन्हें स्वार सीट से टिकट दिया और उन्होंने जीत भी दर्ज की। लेकिन 2 जन्म प्रमाण पत्र की बात सामने आने के बाद उनकी विधानसभा सदस्यता रद्द कर दी गई।

    News28, Feb 2020, 6:57 AM

    आजम खान के बेटे अब्दुल्ला आजम की विधानसभा सदस्यता रद्द, जेल जाने के बाद अब होगी वेतन और भत्तो की वसूली

    अधिसूचना जारी हो जाने के बाद अब यह सीट रिक्त हो गई है।  गौरतलब है कि पिछले साल दिसंबर को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अब्दुल्ला आजम की विधानसभा सदस्यता को अवैध घोषित किया था। इसके बाद कोर्ट ने चुनाव आयोग और विधानसभा अध्यक्ष को पत्र लिखकर उनकी सदस्यता  को रद्द करने को कहा था। हालांकि अब्दुल्ला आजम खान की तरफ से सुप्रीम कोर्ट में अपील दाखिल की गई थी। 

  • News27, Feb 2020, 11:52 AM

    आजम खान से मिलने की तैयारी में थे अखिलेश, तभी लिया योगी सरकार ने बड़ा फैसला

    आजम खान, उनकी पत्नी और बेटे ने अब्दुल्ला आजम के फर्जी जन्म प्रमाण पत्र मामले में गैर जमानती वारंट के बाद अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया था। यही नहीं अभी भी रामपुर में आजम और उनके परिवार के खिलाफ कई मामले दर्ज हैं। जिसमें जमीन हथियाना, जालसाजी और चोरी करना शामिल है।

  • स्कर्ट वाली बाई-   साल 2019 की शुरुआत में लोकसभा चुनाव के चलते मेरठ से बीजेपी नेता जयकरण गुप्ता ने कहा था, ''कांग्रेस के नेता तो बड़ी जोर-जोर बोलते हैं, अच्छे दिन आए? उन्हें अच्छे दिन दिखाई नहीं देते, अरे स्कर्ट वाली बाई साड़ी पहनकर मंदिर में शीष लगाने लगी, गंगाजल से परहेज करने वाले लोग गंगाजल का आचमन करने लगे।'' उन्होंने इस बयान में किसी का नाम नहीं लिया था लेकिन इशारों में की गई उनकी यह टिप्पणी प्रियंका गांधी के ऊपर थी।

    News17, Feb 2020, 6:57 AM

    ....तो क्या टूटा जाएगा आजम खां के ड्रीम प्रोजेक्ट जौहर विश्वविद्यालय का 'सपना'

    सपा सांसद आजम खां किसी दौर में रामपुर में किसी सुल्तान से कम नहीं थे। रामपुर में उनके आदेश पर कोई काम नहीं होता था। लेकिन आज आजम खान का  ड्रीम प्रोजेक्ट मुश्किल में है और आजम खान उसे बचाने के लिए कोर्ट का चक्कर काट रहे हैं। असल में आजम खान ने रामपुर में जौहर ट्रस्ट की स्थापना की। इस ट्रस्ट को उन्होंने चैरिटी ट्रस्ट के जरिए पंजीकरण कराया और इसकी आड़ में उन्होंने जौहर विश्वविद्यालय की नींव रखी। 

  • News9, Feb 2020, 10:53 AM

    अखिलेश हुए आजमगढ़ से गायब, लगे पोस्टर!

    अखिलेश यादव आजमगढ़ से समाजवादी पार्टी के सांसद हैं। आजमगढ़ को सपा का गढ़ माना जाता है। लेकिन अब इस गढ़ में सपा अध्यक्ष के खिलाफ नाराजगी देखी जा रही है। आजमगढ़ ने हमेशा ही सपा का साथ दिया है। पार्टी की सबसे खराब स्थिति में यहां की जनता ने सपा को जीताकर लोकसभा में भेजा है।  पिछले साल हुए लोकसभा चुनाव में सपा प्रदेश में महज पांच सीटें जीत सकी थी। जिसमें आजमगढ़ की भी सीट सपा के खाते में गई। 

  • News24, Jan 2020, 10:44 AM

    आजम को झटके पे झटके, फिर खाली कराई जौहर यूनिवर्सिटी की जमीन

    गौरतलब है कि आजम खान के खिलाफ रामपुर में छह दर्जन से ज्यादा मुकदमें चल रहे हैं। इसमें कई मामले जमीन कब्जाने को लेकर हैं। यही नहीं सपा सरकार के दौरान जिस जौहर यूनिवर्सिटी को नियमों में ताक में रखकर बनाया गया। अब जिला प्रशासन उसी के खिलाफ कार्यवाही कर रहा है। 

  • स्कर्ट वाली बाई-   साल 2019 की शुरुआत में लोकसभा चुनाव के चलते मेरठ से बीजेपी नेता जयकरण गुप्ता ने कहा था, ''कांग्रेस के नेता तो बड़ी जोर-जोर बोलते हैं, अच्छे दिन आए? उन्हें अच्छे दिन दिखाई नहीं देते, अरे स्कर्ट वाली बाई साड़ी पहनकर मंदिर में शीष लगाने लगी, गंगाजल से परहेज करने वाले लोग गंगाजल का आचमन करने लगे।'' उन्होंने इस बयान में किसी का नाम नहीं लिया था लेकिन इशारों में की गई उनकी यह टिप्पणी प्रियंका गांधी के ऊपर थी।

    News23, Jan 2020, 10:18 AM

    आजम खान को झटका, फिलहाल राहत की उम्मीद कम

    योगी सरकार का मानना है कि पूर्व की सपा सरकार में अफसरों की मेहरबानी और नियमों को ताक पर रखकर जमीन दी गई थी। इन किसानों ने आरोप लगाया था कि प्रशासन और पुलिस ने दबाव डालकर जमीन की रजिस्ट्री जौहर विश्वविद्यालय के नाम करवाई थी। इस मामले में तत्कालीन सीओ सीट के खिलाफ भी किसानों ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी।

  • News19, Jan 2020, 6:40 PM

    नेताजी ने दिया था शिवपाल यादव को धोखा, शिवपाल ने किया इशारा

    समाजवादी पार्टी से अलग होकर दो साल पहले पार्टी बनाने वाले शिवपाल सिंह की यादव की पार्टी हालांकि लोकसभा चुनाव में कोई खास करिश्मा नहीं दिखा सकी। लेकिन कई सीटों पर उसने सपा को हराने में अहम भूमिका भी निभाई। शिवपाल सिंह यादव फिरोजाबाद से सपा प्रत्याशी और अपने भतीजे अक्षय यादव के खिलाफ चुनाव लड़े थे। लेकिन शिवपाल को हार का सामना करना पड़ा। 

  • News10, Jan 2020, 8:35 AM

    अखिलेश यादव कर एनआरसी का विरोध तो मुलायम की बहू कर रही है समर्थन

    अपर्णा ने कहा  कि इस मुद्दे पर कोई राजनीति नहीं होनी चाहिए और उदारवादी नेताओं को समझना चाहिए कि यह राष्ट्र हित में किया गया कार्य है। हालांकि इससे पहले भी अपर्णा केन्द्र सरकार के समर्थन में खुलकर आई थी। वहीं आजम प्रकरण में भी अपर्णा यादव ने पार्टी के खिलाफ बयान दिया था। लेकिन उसके बावजूद अभी तक अखिलेश यादव अपर्णा के खिलाफ किसी भी तरह की कार्यवाही नहीं कर सके हैं।

  • पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव

    News15, Oct 2019, 9:32 AM

    अस्तित्व के लिए जूझ रही है सपा, लेकिन अखिलेश नहीं करेंगे उपचुनाव में प्रचार

    फिलहाल सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने यूपी विधामसभा उपचुनाव में पार्टी प्रत्याशियों के पक्ष में प्रचार नहीं करने का फैसला किया है। हालांकि इसके कारण क्या हैं। ये कोई सपा नेता बताने को तैयार नहीं हैं। असल में कुछ नेताओं का ये कहना है कि पार्टी की स्थिति कई सीटों में काफी खराब है। जिसके कारण अखिलेश यादव ने प्रचार न करने का फैसला किया है।