क्यों फेल हुआ हेमंत सोरेन का प्लान-बी? कौन हैं चंपई सोरेन? जो अब बनने वाले हैं झारखंड के नये सीएम

Rajkumar Upadhyaya |  
Published : Jan 31, 2024, 10:51 PM IST
क्यों फेल हुआ हेमंत सोरेन का प्लान-बी? कौन हैं चंपई सोरेन? जो अब बनने वाले हैं झारखंड के नये सीएम

सार

हेमंत सोरेन अपनी पत्नी कल्पना सोरेन को सीएम बनाना चाहते थे। सीएम आवास पर बैठक में जब उन्होंने विधायकों का मन टटोला तो कुछ लोग उनसे असहमत दिखे। हेमंत के विधायक भाई बसंत सोरेन और भाभी सीता सोरेन भी नाराज नजर आईं। उन लोगों का तर्क था कि वह लोग राजनीति में कल्पना से ज्यादा सीनियर हैं।

रांची। झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उनकी जगह झारखंड 'टाइगर' कहे जाने वाले चंपई सोरेन को राज्य का अगला सीएम बनाया जा सकता है। मौजूदा गठबंधन सरकार में वह परिवहन मंत्री हैं। हेमंत सोरेन को ईडी की तरफ से भेजे गए समन के बाद चर्चा चल रही थी कि उनकी पत्नी कल्पना सोरेन राज्य की नयी सीएम होंगी। पर अब उन चर्चाओं पर विराम लग गया है। कांग्रेस प्रमुख राजेश ठाकुर के मुताबिक, चंपई सोरेन को झामुमो के विधायक दल के नेता के रूप में चुना गया है। 

हेमंत सोरेन को प्लान-बी हुआ फेल

हेमंत सोरेन अपनी पत्नी कल्पना सोरेन को सीएम बनाना चाहते थे। सीएम आवास पर बैठक में जब उन्होंने विधायकों का मन टटोला तो कुछ लोग उनसे असहमत दिखे। हेमंत के विधायक भाई बसंत सोरेन और भाभी सीता सोरेन भी नाराज नजर आईं। उन लोगों का तर्क था कि वह लोग राजनीति में कल्पना से ज्यादा सीनियर हैं। ऐसी स्थिति में घर और पार्टी की टूट की आशंका थी। यह देखते हुए शिबू सोरेन ने अपने पुराने मित्र चंपई सोरेन को सीएम बनाने का निर्णय लिया और हेमंत सोरेन का प्लान बी फेल हो गया।

जानिए चंपई सोरेन के बारे में सब कुछ

  • चंपई सोरेन जिलिंगगोड़ा गांव के रहने वाले हैं। पिता के साथ खेती किसानी में हाथ बंटाने वाले चंपई सोरेन की 10वीं तक की पढ़ाई सरकारी स्कूल से की।
  • चंपई सोरेन की शादी कम उम्र में ही हो गई थी। उनके 4 बेटे और 3 पुत्रिया हैं।
  • चंपई सोरेन झारखंड राज्य की मांग को लेकर हुए आंदोलन में शिबू सोरेन के साथ शामिल थे। तभी 'झारखंड टाइगर' के नाम से मशहूर हुए।
  • चंपई सोरेन ने सरायकेला सीट से 1991 में निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में उप चुनाव लड़कर अपने राजनीतिक कॅरियर की शुरुआत की थी। 
  • चंपई सोरेन फिर झामुमो में शामिल हो गए और 1995 में झामुमो के टिकट पर जीत दर्ज की।
  • चंपई सोरेन को साल 2000 चुनाव में हार का सामना करना पड़ा। बीजेपी के अनंतराम टुडू ने उन्हें परास्त किया था। हालांकि 2005 से वह लगातार विधायक हैं।
  • चंपई सोरेन की प्रदेश के आदिवासी समुदाय में अच्छी पैठ मानी जाती है। उनके सीएम बनने से राज्य में राजनीतिक स्थिरता आने की बात कही जा रही है।

ये भी पढें-इंटरव्यू बोर्ड ने पूछा-आपके और हमारे बीच कितने किलोमीटर की दूरी...ये जवाब देकर कॉन्स्टेबल से SDM बन ...

PREV

MyNation Hindi पर पाएं आज की ताजा खबरें (Aaj Ki Taza Khabar)। यहां आपको राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय, ब्रेकिंग न्यूज़ और देश-दुनिया की महत्वपूर्ण घटनाओं की तुरंत और भरोसेमंद जानकारी मिलती है। राजनीति, अर्थव्यवस्था, खेल, मनोरंजन और टेक सहित हर बड़ी खबर पर रहें अपडेट—तेज, सटीक और आसान भाषा में।

Recommended Stories

Surat News: शेल्बी अस्पताल में 12 सफल किडनी ट्रांसप्लांट के साथ मेडिकल टूरिज्म का हब बना सूरत
Surat Plast Show 2026: सूरत में 2-5 अप्रैल प्लास्टिक इंडस्ट्री का मेगा शो, दिखेंगी नई टेक्नोलॉजी