समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव 18 अप्रैल यानी गुरुवार को आजमगढ़ से नामांकन करेंगे। इसके लिए एसपी की तरफ से सभी तरह की तैयारियां की जा रही हैं। अखिलेश नामांकन के दौरान जिले में बड़े रोड शो का आयोजन करेंगे। लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा इस बात को लेकर है कि क्या अखिलेश के नामांकन में बीएसपी प्रमुख मायावती भी मौजूद रहेंगी। हालांकि एसपी की तरफ से मायावती को इसके लिए न्योता दिया गया है। 

असल में एसपी और बीएसपी के गठबंधन हो जाने के बाद दोनों दलों के बीच एकजुटता दिखाने का जबरदस्त दबाव है। क्योंकि गठबंधन होने के बावजूद स्थानीय स्तर पर दोनों दलों के नेताओं में वो निकटता नहीं दिख रही है, जिसकी उम्मीद दोनों दलों को थी। शनिवार को ही बुलंदशहर में मायावती की रैली में एकजुट हुए स्थानीय एसपी नेता रैली से उठकर चले गए थे क्योंकि उन्हें मंच पर सम्मान नहीं दिया गया था। बुलंदशहर तो एक बानगी है। ज्यादा जगहों पर ऐसा ही माहौल देखने को मिल रहा है।

अब सबसे ज्यादा दबाव अखिलेश के नामांकन को लेकर है। एसपी प्रमुख की तरफ से बीएसपी प्रमुख मायावती को नामांकन के दौरान मौजूद रहने का न्योता भेजा गया है। लेकिन सबसे अहम सवाल इस बात को लेकर है कि क्या मायावती वहां जाएंगी। क्योंकि मायावती स्वयं चुनाव नहीं लड़ रही हैं और कन्नौज सीट पर एसपी के अग्राह के बावजूद उन्होंने सतीश चंद्र मिश्रा को अपना प्रतिनिधि बनाकर नामांकन में भेजा था। हालांकि जिस तरह के राज्य में माहौल चल रहा है उसको देखते हुए मायावती आजमगढ़ में नामांकन के दौरान मौजूद रह सकती हैं।

लेकिन कुछ भी हो, अब ये फैसला मायावती को ही लेना है। जानकारी के मुताबिक नामांकन से अखिलेश एक रोड शो का आयोजन करेंगे और इसमें बीएसपी के दिग्गज नेता तो रहेंगे, लेकिन मायावती को लेकर सस्पेंस बना हुआ है। उधर आजमगढ़ सीट पर अखिलेश के मुकाबले भाजपा ने भोजपुरी फिल्म स्टार दिनेश यादव निरहुआ चुनाव लड़ रहे हैं। जबकि बीजेपी से नाराज रमाकांत यादव ने कांग्रेस का दामन थाम लिया है। लिहाजा तीन यादवों के बीच मुकाबला दिलचस्प होने की उम्मीद है।